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रोजाना हज़ारों की संख्या में पहुँच रहे फार्मासिस्टों के पत्र से मंत्रालय परेशान, कहा कर सकते हैं ईमेल

 मंत्रालय को पत्र लिखते फार्मेसी स्टूडेंट्स

मंत्रालय को पत्र लिखते फार्मेसी स्टूडेंट्स

दिल्ली : 2 फरवरी 2017
पिछले महीने ही सेन्ट्रल ड्रग स्टैंडर्ड कण्ट्रोल आर्गेनाईजेशन की इकाई “ड्रग टेक्निकल अडवाइज़री बोर्ड” ने होलसेल में भी फार्मासिस्ट की अनिवार्यता को लेकर ड्राफ्ट स्वास्थ्य मंत्रालय को सौप दिए थे इसे लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय ने 12 फ़रवरी तक आम जन से आपत्ती और सुझाव मांगे थे. शुरुवाती दौर में आपत्ती दर्ज करने हेतु मंत्रालय ने निर्माण भवन स्थित अपने कार्यालय का पता उपलब्ध कराया था. महज़ दस से पंद्रह दिनों में ही लाखों की संख्या में पहुचे सुझाव से मंत्रालय के होश उड़ गए. रोजाना हज़ारों की संख्या में खत पहुचने से जहाँ डाक सँभालने में कर्मचारी परेशान दिखे उधर लगातार पत्रों का पहुचना अब भी जारी है. मंत्रालय ने फार्मासिस्टों से कहा है कि है वे अपने सुझाव व आपत्ती उन्हें rg.singh72@nic.in पर ईमेल कर सकते हैं.
दरअसल बड़ी संख्या में फार्मासिस्ट और संगठन सोशल मीडिया के जरिये ट्रेंड कर अपने सभी फार्मासिस्ट साथियों और रिस्तेदारों से सुझाव भेजने की अपील कर रहे हैं. इसी क्रम में देश भर से बड़ी संख्या में फार्मेसी कॉलेज जुड़ गए साथ ही एक बड़ी संख्या में स्टूडेंट्स ने भी मंत्रालय को पत्र लिखना शुरू कर दिया. इधर दिल्ली के फार्मा एक्टिविस्ट विनय कुमार भारती ने मंत्रालय को भेजे जाने वाला सुझाव व आपत्ती पत्र अंग्रेज़ी और हिंदी दोनों ही वर्जन में इंडियन फार्मसिस्ट सोसाइटी की वेबसाइट www.indianpharamcistsociety.org पर अपलोड कर दिया. जिससे देश भर के तमाम फार्मासिस्ट आसानी से डाउनलोड कर रहे है. महाराष्ट्र रजिस्टर्ड फार्मासिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष कैलाश तांदळे ने स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा ईमेल आईडी जारी किये जाने पर आभार जताया है. 

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6 comments

Mohd amir February 2, 2017 at 9:02 pm

I am third year student in b.pharma.i leave in meerut.me ye khena chahata hu ki hamari country me mostly pharmecy or medical stor with out licence ya rent pr lekar chal rahe h jisse hamara carier kharab ho raha h .ase medical store ko jaldi band karaya jaye.or hr distric ke drug inspecter ko ye khaha jaye ki vo pesa lekar in medica stor ko chalne ki anumati nahi de .shukriya

Reply
Mohd amir February 2, 2017 at 9:02 pm

I am third year student in b.pharma.i leave in meerut.me ye khena chahata hu ki hamari country me mostly pharmecy or medical stor with out licence ya rent pr lekar chal rahe h jisse hamara carier kharab ho raha h .ase medical store ko jaldi band karaya jaye.or hr distric ke drug inspecter ko ye khaha jaye ki vo pesa lekar in medica stor ko chalne ki anumati nahi de .shukriya

Reply
Shailendra Kumar Kori February 3, 2017 at 8:32 am

Respected Sir, Mam
In health department Samvida post should be totally ended because we we are technically person and Samvida word is very bad for us

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Vinay Kumar Singh February 3, 2017 at 9:36 am

Medicine ki whole sale & retail me kewal pharmacisto ko adhikar mile

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Chandrasekhar February 3, 2017 at 9:44 am

Sir pharmacy saying ka gathan hona chahiye her ek medical par pharmacist present h esko janch aor cross check hona chahiye bahut date medical par pharmacist hi n h dusvi pass log drug dispenc kar rhe Jo galat h

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mohd shameem ansari February 4, 2017 at 2:33 pm

I am sapotted to good decision central goverment of India .

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