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स्वस्थ भारत ने लिखा प्रधानमंत्री को पत्र, कहा जनऔषधि योजना विफल हो चुकी है


• देश के सभी दवा दुकानों को जनऔषधि केन्द्र बनाने की मांग
• देश के सभी दवा दुकानों राष्ट्रीयकृत कर जनऔषधि केन्द्र में बदलने का सुझाव

नई दिल्ली/1.11.2017
स्वास्थ्य के क्षेत्र में काम कर रही स्वस्थ भारत अभियान ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखकर देश के सभी दवा दुकानों को राष्ट्रीयकृत किए जाने की मांग की है। स्वस्थ भारत अभियान के राष्ट्रीय संयोजक आशुतोष कुमार सिंह ने इस पत्र में प्रधानमंत्री जनऔषधि योजना की विफलताओं के कारणों पर प्रकाश डालते हुए कहा है कि देश में 90 फीसद दवाइयां जेनरिक ही बिक रही हैं। फिर देश की तमाम दवा दुकानों पर ब्रांड के नाम पर जनता को क्यों लूटा जा रहा हैं। उन्होंने अपने पत्र में कहा है कि गर सरकार देश की सभी दवा दुकानों को राष्ट्रीयकृत कर दे और सभी दुकानों पर जनऔषधि दवाइयां मिलने लगे तो अलग से जनऔषधि केन्द्र खोले जाने की जरूरत ही नहीं पड़ेगी। उन्होंने कहा कि देश का दवा बाजार 90 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का हो गया है। महंगी दवाइयों के कारण लोग गरीबी रेखा से ऊबर नहीं पा रहे हैं ऐसे में बाजार में भ्रम की स्थिति उत्पन्न करना उचित नहीं है।
गौरतलब है कि हाल ही में स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज विषय को लेकर 21000 किमी की स्वस्थ भारत यात्रा कर के स्वस्थ भारत न्यास के चेयरमैन आशुतोष कुमार सिंह दिल्ली लौटे हैं। स्वस्थ भारत अभियान के अंतर्गत स्वस्थ भारत न्यास पिछले 5 वर्षों से कई जनजागरूकता कैंपेन चला चुका है। कंट्रोल मेडिसिन मैक्सिमम रिटेल प्राइस, जेनरिक लाइए पैसा बचाइए, तुलसी लगाइए रोग भगाइए, नो योर मेडिसिन एवं स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज सरीखे जनजागरूकता कैंपेनके माध्यम से स्वस्थ भारत टीम पूरे भारत में स्वास्थ्य चिंतन को बढावा देने के लिए काम कर रही है।

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1 comment

Ramanand Singh roshan senior journalist kosi Bihar March 23, 2018 at 12:02 pm

जेनरिक दवाऐ बिहार के अस्पतालों मे कुछ वितरण तो हो रही है परंतु महिला व शुशुओ के हिताॅथ दवाई उपलब्ध नहीं है ।
ध्यान देने की बात है कि मडिसिन दुकानों मे जेनरिक दवाऐ अंश मात्र बिक्री हो रही है , ज्यादातर कम्पनीओ के किमती दवाई ही दिया जाता है । वहीं मधुमेह का गोली और इन्सुलिन जेनरिक मे उपलब्ध ही नही है । वाबजूद भी नकली दवाओं पर नियंत्रण नहीं देखा जा रहा है । इसके सरकारी जाॅच हेतु प्रतिनियूक्त ड्रगनिरीक्षक अपनी जयकारा कर रहे है ।

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