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बेटियों का स्वस्थ होना स्वस्थ समाज की पहली कसौटी हैः डॉ अचला नागर

स्वस्थ भारत यात्रा दल का मुंबई में हुआ स्वागत

मुंबई की दो बालिकाएं बनी स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की गुडविल एंबेसडर

मीरा-भाइंदर एवं मालाड में हुए आयोजन

बॉलीवुड के रचनाकारों से यात्रा दल की हुई मुलाकात

प्रथम चरण में यात्रा दल ने पूरी की 2700 किमी की यात्रा, दूसरा चरण कन्याकुमारी तक
स्वस्थ भारत यात्रा के प्रथम चरण में 5 राज्यों की 29 बालिकाएं बनी स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की गुडविल एंबेसडर

मुंबई. 12.2.17

 

यात्रा दल को मिला डॉ अचला नागर का आशीर्वाद
स्वस्थ भारत यात्रा दल ने निकाह, बागवान सहित दर्जनों फिल्म लिखने वाली वरिष्ठ लेखिका डॉ अचला नागर से मुलाकात की। इस अवसर पर उन्होंने यात्रा के लिए अपनी शुभकामना देते हुए कहा कि बेटियों का स्वास्थ्य बहुत जरूरी है। वर्तमान स्थिति में बेटियों के स्वास्थ्य पर चिंता जाहिर करते हुए उन्होंने कहा कि जबतक बेटियां स्वस्थ नहीं होगी तब तक स्वस्थ देश अथवा समाज की परिकल्पना नहीं की जा सकती है। अपने अनुभव को साझा करते हुए उन्होंने कहा कि आज बेटियों के लिए सारे दरवाजे खुले हुए हैं, बस जरूरत है कि वे सार्थक एवं अनुशासित तरीके से आगे बढ़ें। अपनी ताकत को समझें और समाज में अपनी आवाज को बुलंद करें। ‘स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज’ राष्ट्रीय यात्रा की परिकल्पना की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि जबतक बेटियां सेहतमंद नहीं होंगी सेहतमंद समाज का सपना अधूरा ही रहेगा। एक घंटे तक चली बातचीत में यात्रा दल के वरिष्ठ यात्री एवं वरिष्ठ पत्रकार लतांत प्रसून ने उनके फिल्मी करियर को लेकर कई सवाल पूछे, जिसका उन्होंने सहजता से उत्तर दिया।
सरोज सुमन, डॉ. सागर एवं शेखर अस्तित्व से भी हुई मुलाकात
मुंबई प्रवास के दौरान यात्रा दल ने जाने-माने संगीतकार सरोज सुमन, गीतकार शेखर अस्तित्व एवं डॉ. सागर से मुलाकात की। सभी ने स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की अभियान के लिए यात्रा दल को शुभकामनाएं दी। इस दौरान यात्रा दल ने कवयित्री रीता दास राम से भी मुलाकात की।

 

रत छोड़ो आंदोलन के 75 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति के मार्गदर्शन में स्वस्थ भारत (न्यास) द्वारा शुरू हुई स्वस्थ भारत यात्रा का मुंबईकरों ने जोरदार तरीके से स्वागत किया। यात्रा दल सबसे पहले मीरा-भाइंदर के विवेकानंद किड्स स्कूल पहुंचा, जहां पर बच्चों एवं उनको अभिभावकों के बीच में स्वास्थ्य चर्चा हुई। यहां पर जलधारा एवं बेटी बचाओं बेटी पढाओं की टीम ने यात्रा दल का स्वागत किया। इसके बाद यात्रा दल ने दूसरा कार्यक्रम मुंबई के मालाड (ईस्ट) में किया। इस अवसर पर मुंबई की दो बालाकाओं को स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का गुडविल एंबेसडर मनोनित किया गया। शरन्या सिगतिया और प्रीति सुमन को इस अभियान का गुडविल एंबेसडर बनाया गया। प्रीति सुमन जहां एक ओर निर्देशन के क्षेत्र में अपना नाम रौशन कर रही हैं वहीं उनकी गायकी के चर्चे भी चहुंओर हैं। शरन्या सिगतिया की उम्र अभी 12 वर्ष ही है लेकिन उन्होंने अपनी कक्षा में बेहतरीन परफॉमेंस दिया है। मालाड में आयोजित इस कार्यक्रम में स्वस्थ भारत (न्यास) के चेयरमैन आशुतोष कुमार सिंह ने कहा कि आज समय आ गया है कि हम अपनी सेहत को लेकर चिंतनशील हों। सेहत की चिंता हम सरकार के भरोसे नहीं छोड़ सकते हैं। सेहत से बड़ा पूंजी कुछ और नहीं है। यात्रा दल के मार्गदर्शक की भूमिका निभा रहे वरिष्ठ पत्रकार प्रसून लतांत जी ने कहा कि महाराष्ट्र एवं गुजरात की धरती पर माताओं एवं बहनों के प्रति समाज ज्यादा संवेदनशील है। उन्होंने निगम का चुनाव लड़ रहीं 
संगीता ज्ञानमूर्ति शर्मा से कहा कि आप जीत के बाद स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज के इस संदेश को और व्यवस्थित तरीके से घर-घर ले जाएं. इस अवसर पर मालाड पूर्व के निगम पार्षद ज्ञानमूर्ति शर्मा ने दवाइयों में मची लूट के बारे में लोगों को जागरूक किया। इस अवसर पर कमलेश शाह, वरिष्ठ लेखिका अलका अग्रवाल सिगतिया, विनोद रोहिल्ला सहित सैकड़ों महिलाएं उपस्थित थीं। महाराष्ट्र में निगम चुनाव के गहमागहमी के बीच में मालाड के स्थानीय लोगों द्वारा आयोजित इस स्वास्थ्य चर्चा के लिए स्वस्थ भारत न्यास के चेयरमैन आशुतोष कुमार सिंह ने उन्हें धन्यवाद ज्ञापित किया।

यात्रा के प्रथम चरण में 29 बालिकाएं बनीं स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की गुडविल एंबेसडर
 2700 किमी की प्रथम चरण की यात्रा में यात्री दल ने स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज अभियान से 29 बालिकाओं को जोड़ा। इन्हें इस अभियान का गुडविल एंबेसडर बनाया गया। हरियाणा में 6, राजस्थान में 4, मध्यप्रदेश में 15, गुजरात में 2 एवं महाराष्ट्र में 2 बालिकाओं को गुडविल एंबेसडर बनाकर सम्मानित किया गया है। 
गौरतलब है कि स्वस्थ भारत यात्रा ‘भारत छोड़ो आंदोलन के 75 वें वर्षगांठ पर आरंभ किया गया है। नंई दिल्ली में मुख्तार अब्बास नकवी ने इसे हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था। इस यात्रा को गांधी स्मृति एंव दर्शन समिति, संवाद मीडिया, राजकमल प्रकाशन समूह, नेस्टिवा अस्पताल, मेडिकेयर अस्पताल, स्पंदन, जलधारा, हेल्प एंड होप, वर्ल्ड टीवी न्यूज़ सहित अन्य कई गैरसरकारी संस्थाओं का समर्थन है। 13 फरवरी को यह यात्रा पुणे होते हुए कन्याकुमारी जायेगी। जहां पर दूसरे चरण की यात्रा समाप्त होगी। 16000 किमी की जनसंदेशात्मक यह यात्रा अप्रैल में समाप्त होगी।
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यात्री दल से संपर्क
9891228151, 9811288151

स्वस्थ भारत ने बनाया कलगी को स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का गुडविल एंबेसडर

आंख नहीं, दुनिया देखती हैं कलगी रावल
• स्वस्थ भारत ने बनाया कलगी को स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का गुडविल एंबेसडर
• गोधरा के सरस्वती विद्या मंदिर एवं बापूनगर अहमदाबाद के वाणिज्य महाविद्यालय का यात्रा दल ने किया दौरा, बालिकाओं को दिया स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का संदेश
• शहीद ऋषिकेश रामाणी को दी श्रंद्धांजली

अहमदाबाद 8.2.17

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कहते हैं कि बालक-बालिकाओं में हुनर की कमी नहीं होती, जरूरत होती है उसे तराशने की, सही मार्गदर्शन की। एक बार उन्हें सही मार्गदर्शन मिल जाए तो वो अपनी मंजिल खुद ही बना लेती हैं। ऐसी ही एक नेत्रहीन बालिका हैं कलगी रावल। कलगी जन्मजात नेत्रहीन हैं। बावजूद इसके उन्होंने अपनी जिंदगी में अंधेरे अपने पास फटकने नहीं दिया। 10 वीं परीक्षा डायरेक्ट दीं और 76 फीसद अंकों से उतीर्ण हुईं। इतना ही नहीं उन्होंने अमेरिका जाकर 10000 ऑडियंस के बीच अपनी बात को रखा। रेडियो जॉकी के रूप में काम किया। सुगम्य भारत अभियान को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने अपने जैसी बालिकाओं की सेवा करने की ठानी है और कल्गी फाउंडेशन के जरीए यह काम कर रही हैं। गुजरात के अहमदाबाद की रहने वाली कलगी के इसी आत्मविश्वास ने उन्हें स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का गुडविल एंबेसडर बनाया है। भारत भ्रमण पर निकली स्वस्थ भारत यात्रा दल ने अपने अभियान के लिए कलगी को चुना है। इस बावत कलगी ने कहा कि उन्हें स्वस्थ भारत के इस अभियान के बारे में जानकर बहुत खुश हूं, साथ ही इसका हिस्सा बनना मेरे लिए आनंद का विषय है।

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बापुनगर के बालिकाओं ने लिया स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज के संदेश को घर-घर पहुंचाने का संकल्प
गुजरात के अहमदाबाद स्थित बापूनगर में स्वस्थ भारत यात्रा दल ने वाणिज्य महिला महाविद्यालय की छात्राओं को संबोधित किया। इस अवसर पर स्वस्थ भारत न्यास के चेयरमैन आशुतोष कुमार सिंह ने कहा कि बालिका स्वास्थ्य की स्थिति बहुत दयनीय है. जबतक हम बालिकाओं में प्राथमिक स्तर से ही स्वास्थ्य चिंतन का बीच नहीं बो देंगे तब तक सही मायने में स्वास्थ्य धारा का प्रवाह नहीं हो पायेगा। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य हमारा मौलिक अधिकार है। ऐसे हमें अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहना, अपने परिवार को रखना ही सही मायने में न्याय है। प्लेटो के न्याय के सिद्धांत का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि अगर हम अपनी स्वास्थ्य को नहीं बचायेंगे तो हम अपने, अपने परिवार एवं राष्ट्र के प्रति न्याय नहीं कर पायेंगे। भारत छोड़ो आंदोलन के 75 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर शुरू की गई इस यात्रा के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि हम पूरे देश में जाकर बालिकाओं से संवाद करने का संकल्प लिया है। इस अवसर पर वाणिज्य महिला महाविद्यालय की छात्राओं ने सुंदर गीत-संगीत प्रस्तुत किया। कलगी रावल को इस मंच से स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का गुडविल एंबेसडर मनोनित किया गया। कॉलेज की प्रधानाचार्य किंजलबेन कथिरिया, अल्काबेन सिरोया, हिम्मतभाई, प्रफुल्ल भाई सावलिया, सामाजिक कार्यकर्ता संजय भाई बेंगानी, भूषणभाई कुलकर्णी, सत्यनारायम वैष्णव सहित सैकड़ों लोग उपस्थित थे।
शहीद वीर मेजर ऋषिकेश रामाणी को यात्रा दल ने दी श्रद्धांजलि

अहमदाबाद का नाम रौशन करने वाले शहीद ऋषिकेश रामाणी की प्रतिमा पर जाकर यात्रा दल ने उन्हें सलामी दी। साथ ही उनके नाम से चलाए जा रहे नगर निगम स्कूल का दौरा भी किया। शहीद वीर मेजर ऋषिकेश रमाणी स्कूल को वल्लभभाई ने गोद लिया है। वल्लभभाई के प्रति वहां के छात्रों में अपार स्नेह देखने को मिला। स्वस्थ भारत के आशुतोष कुमार सिंह ने उन्हें अपनी पत्रिका भेंट की और यात्रा के उद्देश्यों की जानकारी दी। इस अवसर पर शहीद के पिता वल्लभभाई रमाणी एवं शहीद के नाम से चलाए जा रहे नगर निगम स्कूल के प्राचार्य, रवि पटेल सहित शहर के कई लोग उपस्थित थे।

गोधरा ने भी किया स्वागत

देश के लोगों के मन में गोधरा को लेकर एक संशय की स्थिति आज भी बनी हुई है। लेकिन जिस अंदाज में गोधरा ने स्वस्थ भारत यात्रा का स्वागत किया व अतुलनीय है। गोधरा के स्थानीय पत्रकार रामजानी ए रहीम ने यात्रा दल को पंचमहल के जिला निगम अधिकारी एम.एस गडवी से मिलवाया। उनके सहयोग से यात्रा दल गोधरा के सरस्वती विद्या मंदिर बालिका विद्यालय में जाकर स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का संदेश दिया। इस स्कूल की बालिकाओं की परवरिश स्वस्थ तरीके से होते देख स्कूल प्रबंधन को स्वस्थ भारत की ओर से आशुतोष कुमार सिंह ने साधुवाद दिया। यात्रा दल में वरिष्ठ गांधीवादी लेखक एवं पत्रकार कुमार कृष्णनन एवं सामाजिक कार्यकर्ता विनोद कुमार रोहिल्ला भी श्री आशुतोष के साथ हैं।

गौरतलब है कि भारत छोड़ो आंदोलन के 75 वर्ष पूरे होने के अवसर पर स्वस्थ भारत की टीम स्वस्थ भारत यात्रा पर निकली है। स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का संदेश देने निकली इस टीम को गांधी स्मृति दर्शन समित, स्पंदन, नेस्टिवा, राजकमल प्रकाशन समूह, संवाद मीडिया, नेस्टिवा अस्पताल, मेडिकेयर, हेल्प एंड होप, जलधारा, वर्ल्ड टीवी न्यूज, आर्यावर्त लाईव सहित कई समाजसेवी संस्थाओं एवं मीडिया मित्रो सहयोग एवं समर्थन प्राप्त है।
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नोटः यात्रा अहमदाबाद के बाद सूरत की ओर कूच कर गयी है। उसके बाद यात्रा मुंबई पहुंचेगी। संपर्क-9891228151, 9811288151

6 छात्राओं को बनाया स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का गुडविल एंबेसडर

झाबुआ की 6 बालिकाएं बनी स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की गुडविल एम्बेसडर

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भारत छोड़ो आंदोलन के 75 वर्ष पूरे होने के अवसर पर गंधिस्मृति एवं दर्शन समिति के मार्गदर्शन में निकली स्वस्थ भारत यात्रा टीम ने आज माँ त्रिपुरा कॉलेज ऑफ़ नर्सिंग की बालिकाओं को स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का सन्देश दिया.
छात्राओं को संबोधित करते हुए स्वस्थ भारत न्यास के चेयरमैन आशुतोष कुमार सिंह ने कहा कि आपलोग नर्सिंग की छात्रा हैं, आप के ऊपर देश के स्वास्थ्य की बड़ी जिम्मेदारी हैं. सही मायने में स्वस्थ भारत की सिपाही आप ही लोग हैं. छात्राओं को उन्होंने antibaiotic के दुरूपयोग को लेकर भी जागरुक किया. साथ ही उनसे शुभ लाभ की अवधारणा पर इलाज करने का संकल्प कराया. इस अवसर पर गांधीवादी चिंतक कुमार कृष्णन ने भी अपनी बात रखी.
स्वस्थ भारत यात्री दल ने कॉलेज की तीन छात्राओं को स्वस्थ भारत की ओर से स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का गूडविल अम्बेसडर मनोनीत किया.
गौरतलब है की झाबुआ प्रवास के प्रथम दिन भी उत्कृष्ट विद्यालय से तीन बालिकाओं को यात्री दल ने इस अभियान का गुड विल अम्बेसडर बनाया था. साथ ही यहां के पुलिस अधीक्षक महेश चंद जैन से मुलाकात कर यात्रा की जानकारी दी थी. उन्होंने यात्री दल को कम उम्र में बालिकाओं की हो रही शादी के प्रति भी लोगों को जागरूक करने का सुझाव दिया.

स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की गुडविल अम्बेसडर

  1. मनीषा गाडडिया
  2. साक्षी सोलंकी
  3. ऋतू निनामा
    सभी उत्कृष्ट विद्यालय, झाबुआ

4 पूजा डोहरिया
5 नेहा डावर
6 इंदूबाला खेतेडीया

कार्यक्रम की शुरुवात दीपप्रज्वलन के साथ हुआ. कार्यक्रम का सञ्चालन श्री ओम शर्मा जी ने की. इस अवसर पर यात्री दल के विनोद कुमार रोहिला, कॉलेज के प्रधानाचार्य अल्पित गांधी सहित बड़ी संख्या में बीएससी नर्सिंग की छात्राएं उपस्थित थी.

16000 हजार किमी की यह यात्रा झाबुआ से अहमदाबाद, मुम्बई होते हुए कन्याकुमारी, फिर नार्थ इष्ट होते हुए दिल्ली तक जायेगी. इस यात्रा में गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति, राजकमल प्रकाशन समूह, नॅस्टिवा अस्पताल, संवाद मीडिया सहित कई समाजसेवी संस्थाएं सहयोग कर रही हैं.

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जयपुर की दो बालिकाएं बनीं स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की गुडविल अम्बेसडर

जयपुर की दो बालिकाएं बनीं स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज की गुडविल अम्बेसडर

जयपुर/ 1.२.17
जयपुर स्थित किड्स ओरिजिन पब्लिक स्कूल की दो छात्राओं को स्वस्थ भारत (न्यास) ने स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज कैम्पेन का गुडविल अम्बेसडर मनोनीत किया है. इस कैम्पेन को पूरे देश में फ़ैलाने के मकसद से निकली स्वस्थ भारत यात्रा दल ने अपने 2 दिवसीय जयपुर प्रवास के दौरान दिया गर्ग और नीलम शर्मा को गुडविल अम्बेसडर के लिए चुना. इन दोनों बालिकाओं को यह सम्मान स्कूल के वार्षिक उत्सव में दिया जायेगा.

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बसंतपंचमी के दिन स्वस्थ भारत यात्रा दल ने किड्स ओरिजिन स्कूल की बचियों से स्वास्थ्य चर्चा की. यात्रा दल के सदस्य एवं न्यास के चेरमैन आशुतोष कुमार सिंह ने छात्र-छात्राओं से संवाद करते हुए कहा कि अगर उन्हें आगे बढ़ना है, खूब सफलता प्राप्त करनी है तो स्वस्थ रहना पड़ेगा. इसके लिए जरूरी है की हम साफ सफाई पर ध्यान दें. घर के अंदर ही नहीं बल्कि बाहर की सफाई पर भी ध्यान देना अति आवश्यक है. उन्होंने बालिकाओ एवं बालकों से कहा की वे हरसंभव दातुन से मुँह धोएं. और इसके लिए नीम का पेड़ लगाना जरुरी है. उन्होने बचों को तुलसी एवं नीम के पेड़ के फ़ायदे गिनाये और सभी को पेड़ लगाने का होम वर्क दिया. इतना ही नहीं उन्होंने यह भी कहा की सभी बचे अपने माता पिता को जाकर बताएं की बिना चिकित्सकीय सलाह के किसी भी दवा का सेवन न करें. इस दौरान बचो ने श्री आशुतोष से खूब सवाल जवाब किये और अपनी दिनचर्या के बारे में उनको बताया. किसी ने कहा की वह 14 घंटे टीवी देखता है तो किसी ने कहा की वह 9 घंटे तक सोता है. बचो ने अपने पसंदीदा कार्टून के बारे में भी आशुतोष से बात की. श्री आशुतोष ने उन्हें समझाते हुए कहा कि बचो को महात्मा गांधी के बताये रास्ते पर चलना चाहिए. और वे जो भी कार्य करें उसे अनुशाषित तरीके से करें.

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संवाद शुरू होने के पूर्व स्कूल के शिक्षक मोहित कुमार ने यात्रा दल का परिचय बालक बालिकाओं से कराया.इस अवसर पर वरिष्ट पत्रकार एवं यात्रा दल के सदस्य कुमार कृष्णन जी, यात्री विनोद कुमार, स्कूल के निदेशक जीतेन्द्र सैनी, प्रेरणा सैनी, रुचिता शर्मा , शकुंतला कुमावत, नितिका रजावत, प्रिय अ रजावत, दीक्षा कुमावत , प्रियंका कंवर, नीतू शर्मा, किरण सैनी, रेणु जाँगिड़ सहित सैकड़ों छात्र छात्राएं उपस्थित थे.
गौरतलब है की स्वस्थ भारत (न्यास) गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति के मार्गदर्शन में स्वस्थ भारत यात्रा संचालित कर रहा है. 16 हजार किमी की यह यात्रा पूरे भारत में जायेगी. भारत छोड़ो आंदोलन के 75 वर्ष पूरे होने के अवसर पर निकली यह यात्रा स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का संदेश देते हुए आगे बढ़ रही है.
जयपुर से यह यात्रा कोटा होते हुए भोपाल पहुचेगी.
यात्री दल से 9891228151, 9811288151 पर संपर्क किया जा सकता है.
इस यात्रा को गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति, राजकमल प्रकाशन समूह, नॅस्टिवा अस्पताल, सवाद मीडिया, हेल्प एंड हॉप, स्पंदन, जलधारा, आर्यावर्त, आईडया क्रेकर्स सहित कई संस्थाओं का समर्थन प्राप्त है.
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जब शासक भ्रष्ट हो जाए तो महामारी फैलती है…

 

maleriaकिसी भी राष्ट्र अथवा राज्य के विकास की जब हम बात करते हैं तो सबसे पहला सवाल यह आता है कि उस राज्य का आम आदमी कितना स्वस्थ है? अपनी उत्पादकता का कितना फीसद दे पा रहा है? लेकिन आजकल पूरे देश में स्वास्थ्य की जो तस्वीर दिख रही है वो पूरी तरह से डराने वाली है। मलेरिया, चिकनगुनिया, डेंगू सहित तमाम तरह की बीमारियां अपना पैर पसारने में सफल हो रही हैं। एक तरफ तो हम विकास की धारा को गति देने की बात कर रहे हैं, सरकारे स्मार्ट सिटी बनाने की वकालत कर रही हैं और अरबों रूपये का बजट आवंटित किए जा रहे हैं। यहां पर अहम सवाल यह उठता है कि क्या कंक्रीट के जंगल फैला लेना ही विकास की कसौटी है या इससे इतर भी विकास के कुछ मानक हैं?

पिछले दिनों एक टीवी डिवेट में गया था। दिल्ली में बढ़ रहे डेंगू और चिकनगुनिया के मामले पर चर्चा हो रही थी। राजनीतिक दलों के नेता भी उसमें शामिल थे और चिकित्सक भी। चिकित्सक तो विषय पर बात कर रहे थे लेकिन राजनेता एक दूसरे पर आरोप लगाने के सिवाय कोई और बात करने के लिए तैयार नहीं थे। कहने का मतलब यह है कि हमारा राजनीतिक तंत्र स्वास्थ्य मसलों पर पूरी तरह से उदासीन है। देश की सरकारों के पास स्वास्थ्य चिंतन की धारा न के बराबर हैं। उनका पूरा ध्यान मरीज को ठीक करने पर रहता है, जबकि असल में ध्यान मर्ज को को खत्म करने में होना चाहिए था। मलेरिया का प्रकोप आज भी जारी है। भारत जो अपने आप को दुनिया का सबसे तेज गति से विकास के दौड़ लगाने वाला देश समझ रहा है, क्या उसके विकास की गति यही है?

झाबुआ में दो वर्ष पूर्व स्वास्थ्य विषयक एक परिचर्चा में जन स्वास्थ्य अभियान से जुड़े डॉ. अमित सेन गुप्ता ने कहा था कि जब शासक भ्रष्ट होता है तो महामारी फैलती है। डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया महामारी का रूप ले चुका है, इसका सीधा सा अर्थ है कि शासक भ्रष्ट हो चुका है।

डॉ. अमित सेन गुप्ता का संबोधन
https://www.youtube.com/watch?v=NmeUp5TeqJo

ऐसे में अपने स्वास्थ्य और देश के स्वास्थ्य की रक्षा करने की जिम्मेदारी हमारी खुद की है।

 

विजय गोयल दिखायेंगे स्वस्थ भारत यात्रा को हरी झंडी

कार्यक्रम की तैयारी

कार्यक्रम की तैयारी

नई दिल्ली/ 15 अगस्त कश्मीर से कन्याकुमारी और गुजरात से अरूणाचल तक देश के सभी राज्यों में स्वस्थ बालिका स्वस्थ समाज का संदेश फैलाने के लिए होने वाली स्वस्थ भारत यात्रा-2016 की तैयारियां चरम पर है और इस कड़ी में यात्रा का औपचारिक फ्लैग ऑफ राजधानी दिल्ली से बुधवार को केंद्रीय युवा मामले एवं खेल राज्य मंत्री द्वारा किया जायेगा। यात्रा की आयोजक संस्था स्वस्थ भारत न्यास की ओर से आज यहां जारी वक्तब्य में बताया गया कि यात्रा पूर्व गतिविधियों की श्रृंखला मंगलवार से शुरू हो रही है जिसके तहत इस दिन सबसे पहले राजघाट स्थित गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति में इस यात्रा के यात्रियों के सम्मान में एक सांस्कृतिक संध्या आयोजित की जायेगी। इसकी अगली सुबह 30 जनवरी मार्ग स्थित गांधी स्मृति से इंडिया गेट तक सांकेतिक साइकिल यात्रा निकाली जायेगी जिसे खेल मंत्रॉ श्री गोयल हरि झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। पंजाब पुलिस में एएसआई और समुद्र में साइकिल चलाने का रिकॉर्ड बनाने वाले दलजिंदर सिंह इस यात्रा के मुख्य लीडर हैं। इस सांकेतिक यात्रा में यात्रा के सहआयोजक मेडिकेयर फाउंडेशन के डॉ राख भी मौजूद रहेंगे। डॉ राख की ख्याति बालिकाओं के जन्म के होने पर उनके अस्पताल में निःशुल्क चिकित्सा सुविधाएं मुहैया कराने के लिए है। साथ ही दिल्ली के विभिन्न स्कूलों के छात्र तथा स्वयंसेवी संस्थाओं के सदस्य सैकड़ों की संख्या में इस सांकेतिक यात्रा का हिस्सा बनेंगे। इस दौरान गणमान्य अतिथियों द्वारा इंडिया गेट स्थित अमर जवान ज्योति पर माल्यार्पण किया जायेगा। इससे पूर्व मंगलवार को गांधी स्मृति में आयोजित सांस्कृतिक संध्या में प्रतिष्ठित शास्त्रीय गायिका डॉ.सुमिता दत्ता की प्रस्तुति रहेगी। जिसके बाद इंदु आर्ट्स थियेटर एवं फिल्म सोसायटी की ओर से आओ पंचायत पंचायत खेलें नाटक का मंचन भी किया जायेगा। गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति के उप कुलपति श्रीमति तारागांधी भट्टाचार्य समेत तमाम गांधीवादी विचारकों की भी उपस्थिति रहेगी। यात्रा के संयोजक रिज़वान रजा ने बताया कि राजधानी में आयोजित इन आयोजनों के बाद यात्रा टीम लेह के लिए रवाना होगी जहां उसे खारदुग्ला से औपचारिक रूप से अपनी यात्रा शुरू करनी है। यह यात्रा 29 राज्यों के लगभग 150 शहरों और हजारों गांवों से गुजरते हुए लगभग 16 हजार किमी की दूरी तय करेगी। लेह से पंजाब, हरियाणा होते हुए यात्रा गुजरात, महाराष्ट्र के रास्ते कन्याकुमारी की ओर जायेगी और वापस आंध्र प्रदेश, उड़ीसा, पश्चिम बंगाल आदि से निकलते हुए पूर्वोत्तर भारत पहुंचेगी तथा अंतिम चरण में बिहार उत्तर प्रदेश से होकर दिल्ली पहुंचेगी। यात्रा के दौरान जगह-जगह पर लोगों को बालिका स्वास्थ्य के बारे में बताया जायेगा। इस यात्रा को दर्जनों सामाजिक-सांस्कृतिक संगठनों का सहयोग मिल रहा है जिनमें गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति के अलावा गोरखा फाउंडेशन, हेल्फ एंड होप फाउंडेशन, जलधारा, सिम्पैथी, फार्मासिस्ट फाउंडेशन, नून वेलफेयर ट्रस्ट आदि प्रमुख है। इसके अलावा संवाद मीडिया, इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड, मैप माई इंडिया, राजकमल प्रकाशन समूह, नेस्टिवा हॉस्पिटल आदि व्यवसायिक संस्थान भी यात्रा को समर्थन दे रहे हैं।

संपर्क- ऐश्वर्या सिंह –(उत्तर भारत समन्वयक, स्वस्थ भारत)-9711801629 रिजवान रज़ा-(स्वस्थ भारत यात्रा राष्ट्रीय समन्वयक )- 9968821980

“कायाकल्‍प पखवाड़ा”

The Union Minister for Health & Family Welfare, Shri J.P. Nadda launched the “Swachchta Fortnight”, and reviewed the Kayakalp initiative, at AIIMS, in New Delhi on May 20, 2016.

स्‍वास्‍थ्‍य मंत्री द्वारा शुरु किया गया “कायाकल्‍प पखवाड़ा” पूरे देश में केंद्र सरकार के अस्‍पतालों में मनाया जाएगा।

श्री जगत प्रकाश नड्डा, स्‍वास्‍थ्‍य और परिवार कल्‍याण मंत्रालय ने आज यहां बताया कि “माननीय प्रधानमंत्री द्वारा शुरु किए गए स्‍वच्‍छ भारत अभियान के विजन और सिद्धांत को कार्यान्‍वित करने के लिए स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय ने सरकारी स्‍वास्‍थ्‍य सुविधा केंद्रों में स्‍वच्‍छता तथा साफ-सफाई के लिए प्रतिमान स्‍थापित करने के लिए विगत वर्ष कायाकल्‍प शुरु किया था। सार्वजनिक स्‍वास्‍थ्‍य सुविधा केंद्रों में संपूर्ण “स्‍वच्‍छता” से संबंधित पहल का लक्ष्‍य जन स्‍वास्‍थ्‍य सुविधा केंद्रों में प्रयोक्‍ताओं का भरोसा हासिल करना, उच्‍च गुणवत्‍ता वाली सेवाएं प्रदान करना तथा समूह में कार्य करने की भावना को प्रोत्‍साहन देना है।” उन्‍होंने यह भी बताया कि इस पहल से देश में प्रत्‍येक जन स्‍वास्‍थ्‍य सुविधा केंद्रों को और अधिक साफ रखने में मदद हेतु उत्‍कृष्‍ट मानक तय करने में प्रोत्‍साहन मिलेगा।

केंद्रीय स्‍वास्‍थ्‍य मंत्री ‘कायाकल्प पखवाड़ा’ की शुरुआत के अवसर पर अपने उद्गार व्‍यक्‍त कर रहे थे जिसे स्‍वच्‍छ भारत अभियान के अंतर्गत कायाकल्‍प पहल में तेजी लाने की दृष्‍टि से 20 मई, 2016 से 3 जून, 2016 तक केंद्र सरकार के विभिन्‍न अस्‍पतालों में पूरे देश में मनाया जाएगा। श्री नड्डा ने एम्स, नई दिल्‍ली में कायाकल्‍प पखवाड़े की शुरुआत की। श्री नड्डा ने बताया कि इस पखवाड़े के दौरान चलाए जाने वाले विभिन्‍न कार्यकलापों के एक भाग के रूप में मंत्रालय के वरिष्‍ठ अधिकारी पूरे देश में केंद्र सरकार के विभिन्‍न अस्‍पतालों का निरीक्षण करेंगे ताकि मौजूदा स्‍थिति का जायजा लिया जा सके और स्‍वच्‍छता अभियान में तेजी लाई जा सके। राज्‍यों से अपने-अपने राज्‍यों में ऐसे ही अभियान चलाने का अनुरोध किया गया है।

अपने दौरे के दौरान केंद्रीय स्‍वास्‍थ्‍य मंत्री ने एम्‍स के परिसर में और उसके बाहर स्‍वच्‍छता और सफाई को बनाए रखने संबंधी कार्यों की समीक्षा की और ओटी, आईसीयू, आपातकालीन और निजी वार्डों सहित विभिन्‍न वार्डों का दौरा किया। केंद्रीय मंत्री ने प्रोटोकॉल की समीक्षा के लिए निपटान क्षेत्रों और शौचालयों का भी दौरा किया। इस संबंध में जिस प्रोटोकॉल का पालन किया जाता है और इसमें किस प्रकार और सुधार लाया जाए इस संबंध में सुझाव प्राप्‍त करने के लिए निदेशक तथा विभिन्‍न सुविधा केंद्रों / वार्डों के अन्‍य वरिष्‍ठ अधिकारियों तथा चिकित्‍सकों के साथ श्री नड्डा ने एक बैठक की। कायाकल्‍प के एक भाग के रूप में भवन के भीतर और बाहर सेवाओं को बनाए रखने के लिए मानक और प्रोटोकॉल का निर्धारण; विभिन्‍न स्‍थानों पर लांड्री और खाद्य जैसी सहायक सेवाएं प्रदान करना; मानकों के अनुसार अपशिष्‍ट प्रबंधन करना और संक्रमण नियंत्रण उपाय लागू करना। इन क्षेत्रों में की गई प्रगति की आवधिक समीक्षा और निगरानी के लिए समितियों और उप-समितियों का गठन किया गया है।

अपने दौरे के दौरान श्री नड्डा ने रोगियों से बातचीत की और कायाकल्‍प पहल पर उनसे जानकारी ली तथा उनसे इस बारे में सुझाव भी लिए कि देश के इस प्रमुख अस्‍पताल में स्‍वच्‍छता के मानकों में और अधिक सुधार किस प्रकार लाया जा सकता है। उन्‍होंने कहा, “मुझे यह देखकर खुशी हुई है कि रोगियों और उनकी सेवा करने वालों ने हमारे द्वारा निर्धारित मानदंडों के प्रति संतोष दर्शाया है। यह हमारे कठिन परिश्रम की पुष्‍टि करता है“।

‘स्वस्थ भारत अभियान’ के ब्रांड एम्बेसडर बने एवरेस्टर नरिन्दर सिंह

एवरेस्टर नरिन्दर सिंह के साथ स्वस्थ भारत अभियान के संयोजक आशुतोष कुमार सिंह

एवरेस्टर नरिन्दर सिंह के साथ स्वस्थ भारत अभियान के संयोजक आशुतोष कुमार सिंह

नई दिल्ली/ एक ओर जहां वैश्विक स्तर पर मानवीय स्वास्थ्य पर बढ़ रहे खतरे को लेकर चिंतन-मनन शुरू हो चुका है। वहीं दूसरी तरफ भारत में भी स्वास्थ्य को लेकर सरकारी-गैरसरकारी स्तर पर स्वास्थ्य-चिंतन की एक मजबूत धारा प्रस्फूटित हो रही है। देश को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने का वीणा उठाने वाली गैर सरकारी संस्था ‘स्वस्थ भारत (ट्रस्ट)’ ने ‘स्वस्थ भारत अभियान’ के लिए एवरेस्ट विजेता, साकलिस्ट व सामाजिक कार्यकर्ता नरिन्दर सिंह को ब्रांड एम्बेसडर मनोनित किया है। इस बावत संस्था के चेयरमैन व स्वस्थ भारत अभियान के राष्ट्रीय संयोजक आशुतोष कुमार सिंह ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए बताया कि नरिन्दर सिंह एक जांबाज खतरों के खिलाड़ी हैं। स्वस्थ भारत अभियान के साथ उनके जुड़ने से देश के युवाओं में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता आयेगी। और हमारे द्वारा उठायी जा रही मांगों जैसे जेनरिक दवाइयों का उपयोग बढाना, महंगी दवाइयों की एमआरपी कम करना आदि पर विषयों पर सरकार और सक्रिय होगी। हरियाण के कुरुक्षेत्र में जन्में 35 वर्षीय नरिन्दर सिंह अब स्वस्थ भारत अभियान के साथ जुड़ कर देश की जनता को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने का फैसला लिया है। इस अभियान के साथ जुड़ने पर अपनी खुशी जाहिर करते हुए नरिन्दर सिंह ने कहा है कि बीमारियां आज वैश्विक समस्या हैं। इसके लिए हम सब को मिलकर लड़ना पड़ेगा।

एवरेस्ट पर तिरंगा लहराते नरिन्दर सिंह

एवरेस्ट पर तिरंगा लहराते नरिन्दर सिंह

गौरतलब है कि 2011 में नेपाल की तरफ से एवरेस्ट पर तिरंगा झंडा लहरा चुके नरिन्दर सिंह पर्यावरण बचाने का संदेश लेकर माउट एवरेस्ट बेस कैंप से लेकर कन्याकुमारी तक 11906 किमी की दूरी साइकिल से तय की थी। इतना ही नहीं यूरोप का सर्वोच्च शिखर माउंट एलब्रुस पर 2012 में तिरंगा फहरा चुके नरिन्दर सिंह समुद्र के नीचे साइकिल चलाने का राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी अपने नाम कर चुके हैं। खतरों से खेलने वाले इस खिलाड़ी के नाम लिमका बुक व इंडिया बुक में 5 राष्ट्रीय रिकॉर्ड दर्ज हो चुका है।

 

 

 

सामान वेतन के साथ हो स्थाईकरण – चंद्रकांत

रेवाड़ी (हरियाणा)/ 03.11.2015

चंद्रकांत  ने स्वस्थ भारत डॉट इन को बताया की कई बर्षों से एनएचएम कर्मी लगातार संघर्ष कर रहे है पर सरकार हमारी एक नहीं सुन रही है। हरियाणा सरकार ने तो प्रताड़ना की सारी हदें पार कर दी है। एनएचएम कर्मियों के नियमितीकरण तो दूर कॉन्ट्रैक्ट पर बहाल चिकित्साकर्मिओं की छटनी पर ही आमादा है। जहाँ एक तरफ स्थाई कर्मचारियों को बेहतर वेतन और सुबिधायें मिल रही है, वही एनएचएम कर्मियों का शोषण किया जा रहा है। हाल में ही हरियाणा सरकार ने अपने अधिकारीयों को लक्ज़री कारें भेट की है वही कर्मचारियों को बुनियादी सुबिधाओं से भी वंचित रखा जा रहा है। ऐसे में राज्य के चिकित्सा कर्मियों का मनोबल टुटा है। कई बार वे चिकित्सा मंत्री और मुख्यमंत्री के दरवाजे खटखटा चुके है। चंद्रकांत ने एनएचएम कर्मचारियों के स्थाईकरण के मामले में प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के सीधे हस्तक्षेप की मांग की है ।

 

चंद्रकांत यादव, एनएचएम एसोसिएशन रेवाड़ी

चंद्रकांत यादव, एनएचएम एसोसिएशन रेवाड़ी

 सामान वेतन के साथ हो स्थाईकरण 

नएचएम कर्मियों की मांग कर रहे हैं  की उन्हें सामान कार्य हेतु सामान वेतन के साथ ही यथाशीघ्र स्थाई नियुक्ति दी जाए। अपनी मांगो को लेकर स्वास्थ्य कर्मी कई बार आंदोलन और हड़ताल कर चुके है, वावजूद इसके सरकार की नींद नहीं खुल रही है। एनएचएम कर्मचारी संघ के प्रमुख चंद्रकांत यादव ने बताया की उन्होंने पीएमओ को पत्र लिखकर इस विषय पर  अवगत करा चुके है। पीएमओ स्थाईकरण का मामला राज्य सरकार का बोलकर अपना पल्ला झाड़ रही है, इधर  खट्टर सरकार ने स्थाईकरण को केंद्र के बजट पर आधारित योज़ना बताकर कर्मचारियों को गुमराह कर रहे राज्य और सरकार को चाहिए कि आपस में तालमेल बिठा कर नियमितीकरण की समस्या का हल निकाले । आखिर कबतक लाखों कर्मियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ होता रहेगा ?

नियमित होने के इंतज़ार में उम्र सीमा पार 

ऐसे कई कर्मचारी है जो बरसों से एनएचएम योजनाओं में काम कर रहे है, ज्यादातर 35-40 उम्र सीमा पार कर चुके है। ऐसे में राज्य सरकार या केंद्र सरकार के उपक्रमों में होने वाली परमानेंट भर्ती में आवेदन करने के अधिकार से वंचित हो चुके है। एक तरफ तो इन्हे अपने प्रोफेशनल करियर को नुकसान होता दिख रहा है, दूसरी तरफ कम वेतन होने से आर्थिक तंगियों में परिवार का गुजारा करने को विवश हैं ।  

रेवाड़ी के एनएचएम संगठन कई बार आंदोलन कर चुके है (फ़ाइल फोटो)

रेवाड़ी के एनएचएम संगठन कई बार आंदोलन कर चुके है (फ़ाइल फोटो)

 

सुरक्षित नहीं एनएचएम की नौकरी   

कर्मचारियों कहते है कि एनएचएम की नौकरी सुरक्षित नहीं है । हरियाणा सरकार जिस तरह कर्मचारियों की छटनी कर रही, इससे स्पस्ट है वे कर्मचारियों का हित नहीं चाहते। अगर सरकार चाहती तो छटनी करने के बजाय विकल्प ढूंढती। शासन के अधिकारी कॉन्ट्रैक्ट कर्मियों को हीन भावना से देखते है कई बार अनावश्यक रूप से प्रताड़ित करतें है। यहाँ नौकरी का कोई भरोषा नहीं । हमें हमेशा ही डर के साये में काम करना पड़ता है । क्या पता कब बर्खास्तगी का फरमान सुना दिया जाए।

मोदीजी पहल करें तो बात बन सकती है

चंद्रकांत यादव ने कहा की राज्य सरकार पर उन्हें कतई भरोषा नहीं है। देश भर में लाखों स्वास्थ्य कर्मी एनएचएम की विभिन्न योज़नाओं में काम कर रहे है । देश की स्वास्थ्य व्यवस्था राष्ट्रीय ग्रामीण स्वस्थ मिशन पर ही है। चाहे सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों में टीकाकरण हो या जिले के अस्पतालों में इलाज़ व ऑपरेशन बगैर एनएचएम डॉक्टर, नर्सिंग, पैरामेडिकल स्टाफ और कर्मचारियों के मुंकिन नहीं । हम चाहते है की माननीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी सीधे हस्तक्षेप करें तभी स्थाईकरण की समस्या हल निकलना मुंकिन होगा ।

 

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